CDP: विकास की अवधारणा और अधिगम के साथ उसका सम्बन्ध नोट्स पार्ट 8
| वह अवधि जिसमें शारीरिक वृद्धि एवं विकास तीव्र गति से घटित होता है— | शैशवावस्था एवं प्रारंभिक बाल्यावस्था | CTET (I-V) 8 Dec. 2019 |
| सामान्यतया लड़के और लड़कियों में शारीरिक विकास की विशेषता देखी जाती है— | लड़कियों शारीरिक विकास में दो-तीन वर्ष आगे होती हैं | Haryana TET Paper-II (Class VI-VIII) 2015 |
| वेटलिफ्टर (पहलवानों) को आकार में मांसपेशियों और शरीर को पुष्ट बनाना होता है उन्हें आहार में लेना चाहिए— | प्रोटीन | DSSSB Assistant Nursery Teacher |
| मास्टर ग्रंथि के नाम से जाना जाता है— | पिट्यूटरी ग्रंथि | Bihar TET Paper-I (Class I-V) 2013 B TET 23.07.2017 HP TET (VI-VIII) Sep. 2016 UP TET (VI-VIII) 2013 HP TET (VI-VIII) 2013 |
| शरीर के आकार में वृद्धि होती है— | शारीरिक और गत्यात्मक विकास के कारण | CG TET Paper-I (Class I-V) 2011 |
| शारीरिक विकास का एक प्रमुख नियम है— | अनियमित विकास का नियम | UP TET Paper-I (Class I-V) 15 Oct 2017 |
| ‘बच्चे के उचित विकास को सुनिश्चित करने के लिए उसका स्वस्थ शारीरिक विकास एक महत्वपूर्ण आवश्यकता है।’ यह कथन सही है, क्योंकि— | शारीरिक विकास, विकास के अन्य पक्षों के साथ अंतर्संबंधित है | CTET Paper-II (Class VI-VIII) 26 June 2011 |
| बच्चे में शारीरिक विकास जिस आयु सीमा में धीमा हो जाता है— | 5–6 वर्ष | MP TET (VI-VIII) 26 Feb 2019 (9:30 AM) |
| मानव शरीर में सबसे छोटी हड्डी यानी स्टेपिज कान के .......... होती है। | बीच में | MP TET (VI-VIII) 17 Feb 2019 (9:30 AM) |
| वृद्धि और विकास का प्रथम चरण है— | शारीरिक विकास | UP TET (VI-VIII) 18 November 2018 |
| केन्द्रीय तंत्रिका तंत्र में होते हैं— | मस्तिष्क तथा मेरुदण्ड | UP TET Paper-I (Class VI-VIII) 19 Dec 2016 |
| XI. गत्यात्मक विकास | ||
| तीसरी कक्षा के विद्यार्थियों के स्तर के अनुरूप सूक्ष्म गतिक कौशल का उदाहरण है— | एक धागे में मोती पिरोना | CTET (I-V) 31.12.2021 |
| गत्यात्मक और संज्ञानात्मक विकास .......... होता है। | सम्पूर्ण जीवनकाल के दौरान | CTET (I-V) 23.12.2021 |
| सूक्ष्म क्रियात्मक कौशल नहीं है— | कूदना | CTET (I-V) 05.01.2022 CTET (I-V) 27.12.2021 DSSSB PRT CTET-2012 (I-V) UKTET-2014 (I-V) HP TET (I-V) 2018 CG TET (I-V) 2016 |
| स्थूल कौशल के उपयोग का एक उदाहरण है— | एक पैर पर संतुलन करना | CTET (I-V) 04.01.2022 |
| स्थूल गत्यात्मक और सूक्ष्म कौशल का उदाहरण है जबकि एक सूक्ष्म गत्यात्मक कौशल की आवश्यकता होती है— | भागना, चित्र बनाना | CTET (I-V) 08.01.2022 |
| उत्कृष्ट मोटर कौशल का एक उदाहरण है— | लिखना | MP TET (VI-VIII) 21 Feb 2019 (9:30 AM) |
| मिट्टी से खिलौने बनाने के दौरान एक बालिका को अपने जिस कौशल को विकसित करने का अवसर मिलेगा— | सूक्ष्म क्रियात्मक कौशल | CG TET (I-V) 09.01.2022 |
| श्रीमती कुमार का पहला बच्चा 10 महीने में चलने लगा। उनका दूसरा बच्चा अब 12 महीने का है और अभी भी नहीं चल रहा है। वे चिंतित नहीं हैं, क्योंकि— | यह जानती हैं कि चलने के विकास के लिए वह अभी सामान्य समयबद्ध के अंदर है | Haryana TET Paper-II (Class VI-VIII) 2013 |
| चालक विकास की दर में व्यक्तिगत विविधताएँ होती हैं, फिर भी चालक विकास का क्रम .......... से .......... तक होता है। | अपरिष्कृत (स्थूल) चालक विकास; परिष्कृत (सूक्ष्म) चालक विकास | CTET (I-V) 7 Jul. 2019 |
| XII. सामाजिक विकास | ||
| सामाजिक परिवेश से तात्पर्य है— | शिक्षक व समाज, संबंधी, मित्र, पड़ोसी, माता-पिता व परिवार के सदस्य | HP TET (Arts) Sep. 2018 |