संस्कृत: वन लाइनर नोट्स 16

संस्कृत: वन लाइनर नोट्स 16
‘ब्राह्मणः प्रजा: प्रजाजनने’ में ‘ब्राह्मणः’ पद में कारक है— अपादान UPTET November-2018 (VI-VIII)
‘सर्वत्र आत्मा अस्ति’ इस वाक्य में ‘सर्वत्र’ कारक है— अधिकरण UPTET November-2018 (VI-VIII)
अपादान कारक में विभक्ति होती है— पञ्चमी UK TET, January 2011 (VI-VIII)
‘सर्व’ के पञ्चमी एकवचन में रूप बनेगा— सर्वस्मात् UK TET, January 2011 (VI-VIII)
‘परमात्मने नमः’ यहाँ ‘नमः’ के योग में जो विभक्ति है, वह है— उपपद विभक्ति MP TET वर्ग-2, 18.2.2019
MP TET वर्ग-2, 3.3.2019
UK TET, January 2011 (VI-VIII)
‘रामः रथेन व्रजति’ में रेखांकित अंश में विभक्ति है— तृतीया UK TET, January 2011 (VI-VIII) (Special)
‘ग्रामे जलम् अस्ति’ में रेखांकित अंश में विभक्ति है— सप्तमी UK TET, January 2011 (VI-VIII) (Special)
धनञ्जयेन सह मोहनः विद्यालयं गच्छति— तृतीया Bihar TET, February 2012 (VI-VIII)
‘गोपालः कृष्णाय वदति’ में ‘कृष्णाय’ में विभक्ति है— चतुर्थी Bihar TET, February 2012 (VI-VIII)
‘विष्णु शते मम पिता’ वाक्य में कर्ता है— पिता Bihar TET, February 2012 (VI-VIII)
“अन्तरा त्वां मा हरि:” इस सूत्र का उदाहरण है— अन्तरस्त्रेण-युक्ते H TET, 2013-14
‘मोहे इच्छार्थि’ में ‘मोहे’ की अधिकरणता करने वाला सूत्र है— आधाराधिकरणम् H TET, 2013-14
‘स्वर्गकामस्य’ इस उदाहरण में .......... आधार है। अभिधायकः H TET, 2013-14
तात्पर्य चतुर्थी वाच्य नियम का उदाहरण है— मुक्तये हरि भजति H TET, 2013-14
‘अधिशेषे’ सूत्र से कर्मवाच्यता होती है— आधार की H TET, 2013-14
‘अपवर्गे’ कोटिषु कोटिषु विचिन्त्य तव भारती—यहाँ पर ‘भारती’ पद है— सम्बोधनम् H TET, 2013-14
‘कर्मणि’ विभक्तेः सूत्र है— उपपदविभक्तिः H TET, 2013-14
‘कोपेन अनुशोचति’ इस सूत्र का उदाहरण है— अपवाद तृतीया H TET, 2013-14
‘सम्बन्ध’ पद का सम्बन्ध है— गत्य प्रक्रिया से H TET, 2013-14
‘सम्बोधन’ पद में .......... विभक्ति होती है। प्रथमा H TET, 2013-14
‘ग्रामे गच्छन् गुणं सुष्ठुति’ में रेखांकित पद की कर्म संज्ञा करने वाला सूत्र है— तथायुक्त चानुप्रासम् H TET, 2013-14
‘जनिकर्तुः प्रकृतिः’ सूत्र का उदाहरण है— ब्राह्मणः प्रजा: प्रजाजनने H TET, November 2015
‘सः प्रकृत्या चारः अस्ति’ वाक्य .......... सूत्र का उदाहरण है। प्रकृत्यादिभ्यः उपसंख्यानम् H TET, November 2015
‘यत्रेक्षः गच्छति’ वाक्य इस कारक सूत्र का उदाहरण है— वारणार्थानाम् अपीक्षितम् H TET, November 2015
आसन्न रहते पूर्व शब्दों के योग में विभक्ति होगी— पञ्चमी H TET, November 2015
‘सः दश वर्षाणि अध्ययनं करोति’ वाक्य .......... कारक सूत्र का उदाहरण बनेगा— कालाध्वनोरत्यन्तसंयोगे H TET, November 2015
सह, साकं, समं, सार्धम् अव्ययानां योगे की विभक्ति— तृतीया MP वर्ग-2, 22-02-2019
MPTET 7.3.2019
‘मित्रं मित्रेण गच्छति’ इत्यत्र ‘मित्रेण’ शब्दस्य विभक्ति .......... अस्ति। तृतीया MP TET 1.3.19
‘प्रतिपद्’ इति .......... विभक्तौ वर्तते। सप्तमी MP वर्ग-2, 21-02-2019
करणविभक्तिः— तृतीया MP वर्ग-2, 25-02-2019
कर्तृविभक्तिः— कर्म MP वर्ग-2, 21-02-2019
‘भरणार्थ’ इत्यस्य अन्यः अर्थ— भरणाय MP TET 1.3.19
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